जोधपुर। राजस्थान उच्च न्यायालय जोधपुर पीठ की खंडपीठ ने बुधवार को एक महत्वपूर्ण आदेश पारित करते हुए रेलवे विभाग को बीकानेर शहर से रेलवे ट्रैक हटाने की संभावना तलाशने का निर्देश दिया है।न्यायमूर्ति विनीत कुमार माथुर और न्यायमूर्ति चंद्र शेखर शर्मा की खंडपीठ के समक्ष याचिकाकर्ता राम कृष्ण दास गुप्ता की ओर से प्रस्तुत याचिका (डी.बी. सिविल रिट याचिका संख्या 9980/2023) में कोटगेट रेलवे लाइन पर प्रस्तावित अंडरब्रिज निर्माण का विरोध किया गया था।सुनवाई के दौरान रेलवे की ओर से उपस्थित विद्वान अधिवक्ता बी.पी.बोहरा ने न्यायालय को आश्वस्त किया कि वे बीकानेर शहर से रेलवे ट्रैक को स्थानांतरित करने की संभावना रेलवे विभाग के सक्षम अधिकारियों के साथ तलाशेंगे। उन्होंने न्यायालय को यह भी आश्वासन दिया कि यदि ट्रैक स्थानांतरण संभव पाया जाता है तो रेलवे द्वारा उचित कार्यवाही शुरू की जाएगी।न्यायालय ने रेलवे विभाग के साथ हुई चर्चा के परिणाम को अगली सुनवाई की तारीख पर रिकॉर्ड पर रखने के लिए समय प्रदान किया है।उल्लेखनीय है कि इस मामले को न्यायालय ने मुख्य जनहित याचिका मुकुल कृष्ण व्यास एवं अन्य बनाम भारत संघ (डी.बी. सी.डब्ल्यू. संख्या 443/2014 एवं 7505/2018) से जोड़ा है, जो रेलवे लाइन स्थानांतरण से संबंधित है। यह जनहित याचिका एडवोकेट मुकुल कृष्ण व्यास द्वारा वर्ष 2014 में नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी जोधपुर का छात्र रहते हुए दायर की गई थी। राम कृष्ण दास गुप्ता पिछले तीस वर्षों से भी अधिक समय से बीकानेर शहर से रेलवे लाइन हटाने के आंदोलन में अग्रणी भूमिका निभा रहे हैं। उनकी याचिका में अनिल व्यास अधिवक्ता के रूप में उपस्थित हुए।राज्य पक्ष की ओर से एडिशनल एडवोकेट जनरल एन.एस. राजपुरोहित,बी.पी. बोहरा,दीपक चांदक तथा एडिशनल एडवोकेट जनरल बी.एल. भाटी और श्री शीतल कुंभट उपस्थित हुए।अगली सुनवाई 19 फरवरी 2026 को निर्धारित की गई है।