1789539834_6aaa35facee72

अगले 24 घंटे में बीकानेर को मिल जाएगा नया महापौर
तहलका न्यूज,बीकानेर।नगर निगम में हुए निकाय चुनाव के बाद करीब दो साल के अंतराल के बाद आखिरकार सोमवार को बीकानेर को नया महापौर मिल जाएगा।जिसके चलते पिछले एक सप्ताह से लगाई जा रही अटकलों पर भी विराम लग जाएगा। इसके लिये दोनों ही प्रमुखर राजनीतिक दलों ने अपनी तैयारियां पूरी कर ली है और रणनीतिकारों ने अपनी रणनीति बनाकर अपना बोर्ड बनाने के अंतिम प्रयास भी किये।बांडेबंदी में दोनों पार्टियों के पार्षदों व समर्थक निर्दलीयों को कल होने वाली वोटिंग के बारे में समझाया गया।अब कल मतदान के दिन सभी पार्षदों को पार्टी द्वारा मतदान के लिए नगर निगम लाया जाएगा।महापौर पद के लिए यहां 10 बजे से मतदान होगा जो दोपहर 2 बजे तक चलेगा।इसके बाद वोटों की गिनती होगी। परिणाम भी कल ही जारी हो जाएगा।इसके बाद 22 सितंबर को उप महापौर पद का चुनाव होगा।जिसमें 10 बजे बैठक होगी और 11 बजे नामांकन पत्र प्रस्तुत किए जाएंगे।11:30 नामांकन पत्रों की जांच होगी।दोपहर 2 बजे तक नाम वापसी का समय रहेगा। और यदि आवश्यकता हुई तो दोपहर 2:30 बजे से 5 बजे तक मतदान होगा और उसके बाद परिणाम जारी हो जाएगा।

नतीजे कांग्रेस के पक्ष में,भाजपा को सैंधमारी से आस
आधिकारिक नतीजों में 80 वार्डों वाली निगम में कांग्रेस ने 42 सीटें जीतकर स्पष्ट बहुमत हासिल कर लिया है,जबकि भाजपा को केवल 27 सीटों पर ही संतोष करना पड़ा है।इस बीच जहां कांग्रेस नतीजों व निर्दलीयों के समर्थन के आधार पर पूरी तरह आश्वस्त है।तो वहीं भाजपा को कांग्रेस में सैंधमारी की आस है।हालांकि उनका दावा है कि सात निर्दलीय भी उनके पक्ष में है।जिसकी फोटो जारी होने के बाद चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया था।अब देखना है कि सोमवार को किसके सिर महापौर का ताज होगा।गौरतलब है कि कांग्रेस ने वार्ड 73 से निर्वाचित अनिल कल्ला को महापौर पद का अधिकृत प्रत्याशी बनाया है,जबकि भाजपा ने भी मुकाबले को एकतरफा नहीं छोड़ते हुए वार्ड 13 के पार्षद सुरेंद्र सिंह शेखावत को मैदान में उतारा है।

सोशल मीडिया पर छिड़ी है जंग
उधर सोशल मीडिया को लेकर दोनों ही राजनीतिक दल के समर्थकों में जंग छिड़ी है। भाजपा जहां 51 पार्षदों के समर्थन का दावा कर रही है तो वहीं कांग्रेस भी 45 प्लस पार्षदों के समर्थन से बोर्ड बनाने की बात कह रही है। दोनों के समर्थक इसके लिये अलग अलग तर्क देते नजर आ रहे है। वहीं कई जनें क्रॉस वोटिंग की बात करते नजर आ रहे है। ऐसे में 15 तारीख से सोशल मीडिया पर केवल महापौर को लेकर ही चर्चाएं चल रही है।जिसको लेकर कल स्थिति साफ हो जाएगी कि किसको धोखा और किसको मिलेगा महापौर बनने का मौका।