14 जनवरी 2020 को राजमार्ग – 11 पर पुलिस थाना नापासर क्षेत्र में हुआ था सड़क हादसा

तहलका न्यूज,बीकानेर।न्यायाधिकारी ग्राम न्यायालय निधि तूनवाल ने एक बड़ा फैसला सुनाते हुए छह वर्ष पुराने सड़क हादसे के मामले में आरोपी को ससम्मान दोषमुक्त कर दिया है।यह मामला वर्ष, 2020 का है, जो पुलिस थाना नापासर में दर्ज हुआ था।आरोपी के अधिवक्ता शिवलाल जाट से मिली जानकारी के अनुसार, उनके मुवक्किल कमलदीप पुत्र पुनाराम (निवासी रेगरों का मोहल्ला,गोटन, जिला नागौर) के खिलाफ पुलिस ने आईपीसी की धारा 279, 337 और 304ए के तहत मामला दर्ज किया था। घटना 14 जनवरी 2020 की है,जब राजमार्ग-11 पर गुसांईसर और नौरंगदेसर के बीच एक भीषण सड़क हादसा हुआ था। पुलिस ने इस मामले में कमलदीप को आरोपी बनाते हुए न्यायालय में चालान पेश किया था।

​10 गवाह और 19 दस्तावेज भी नहीं कर पाए दोष सिद्ध
मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष (प्रॉसीक्यूशन) ने आरोपी को सजा दिलाने के लिए पूरी ताकत झोंकी।कोर्ट के समक्ष अभियोजन पक्ष की ओर से कुल 10 महत्वपूर्ण गवाहों के बयान दर्ज करवाए गए। इसके साथ ही हादसे से जुड़े 19 अलग-अलग दस्तावेजों को बतौर सबूत न्यायालय में पेश किया गया।

​न्यायालय का फैसला
दोनों पक्षों की लंबी बहस और दलीलें सुनने के बाद पत्रावली पर उपलब्ध सभी सबूतों,गवाहों के बयानों और केस के तकनीकी तथ्यों का गहराई से अध्ययन करते हुए न्यायालय ने पाया कि अभियोजन पक्ष आरोपी के खिलाफ संदेह से परे अपराध साबित करने में पूरी तरह असफल रहा। कोर्ट ने दोनों पक्षों की अंतिम दलीलें सुनने के बाद आरोपी कमलदीप को सभी आरोपों से बरी (दोषमुक्त) करने के आदेश जारी किए। रक्षा पक्ष की ओर से प्रभावी पैरवी अधिवक्ता शिवलाल जाट ने की।

ये था मामला
रतनगढ़ निवासी दीपक की ओर से 15 जनवरी,2020 को नापासर थाना में रिपोर्ट दी गई थी।जिसमें कहा गया था कि उसके दोस्त मुकेश पुत्र कैलाश अग्रवाल और राजकुमार पुत्र श्रवणकुमार 14 जनवरी,2020 को अपनी कार में सवार होकर बीकानेर की ओर जा रहे थे।उनकी कार का चालक कमलदीप था। वह तेज गति में कार चला रहा था।गफलत और लापरवाही से तेज गति में कार चलाते हुए गुसांईसर-ननौरंगदेसर के बीच आगे चल रहे ऊँटगाड़े को टक्कर मार दी। जिससे मुकेश की मौत हो गई थी।कार में राजकुमार और चालक कमलदीप घायल हो गए थे।