तहलका न्यूज,बीकानेर।एक ओर सरकार शुद्ध के लिये युद्ध अभियान का ढिढोरा पीट रही है और त्योहारी सीजन में चंद कार्रवाई कर वाही वाही लूट रही है।वहीं शहर में धडल्ले से नामी कंपनियों के नकली उत्पाद बेचे जा रहे है।उस ओर प्रशासन का ध्यान नहीं जा रहा है। मजे की बात तो यह है कि चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग केवल खाद्य पदार्थों व मसालों,रेस्टारेंटों व धड़ी गाड़े वालों पर ही अभियान की इतिश्री कर लेती है।किन्तु अन्य नकली सामान की ओर विभाग का ध्यान जाता तक नहीं है।विभाग की ओर से न तो सौन्दर्य प्रशाधन के नकली उत्पादों की ओर ध्यान दिया है और न ही सोने-चांदी की ओर।बस खाने की चंद वस्तुओं यथा मावा आदि पर कार्रवाई कर अभियान के आंकड़े सरकार तक पहुंचा।विभागीय कार्रवाई पूरी कर देती है।इधर शहर के तोलियासर भैरुजी गली स्थित कई दुकानों पर नामी कंपनियों के नकली सौंदर्य प्रसाधन बेचने का मामला सामने आया है।इस संबंध में लक्मे कंपनी की लीगल प्रतिनिधि नयन तारा डेमी ने कोटगेट पुलिस थाने में चार अलग-अलग मुकदमा दर्ज क रवाते हुए बताया है कि मोहल्ला व्यापारियान निवासी अबुजर,कैफ,अबुजर तथा जोशीवाड़ा निवासी मनोज कुमार मोदी अपनी दुकानों पर लक्मे कंपनी के नाम से नकली उत्पाद बेच रहे थे।आरोप है कि आरोपियों के पास संबंधित उत्पादों की खरीद अथवा बिक्री से जुड़े कोई अधिकृत दस्तावेज उपलब्ध नहीं थे तथा असली उत्पादो की जगह नकली सामान ग्राहको को बेचा जा रहा था, जिससे कॉपीराइट अधिनियम का उल्लंघन हुआ।शिकायत के अनुसार कैफ की दुकान से लक्मे कंपनी के 53 नकली उत्पाद,अबुजर पुत्र जलालुद्दीन की दुकान से 48 नकली उत्पाद तथा अबुजर पुत्र मोहम्मद रिजवान की दुकान से 24 नकली उत्पाद बरामद किए गए।वहीं,मनोज कुमार मोदी की दुकान से लक्मे समूह के अंतर्गत आने वाले क्लोजअप ब्रांड के 187 नकली उत्पाद जब्त किए गए।कंपनी प्रतिनिधि की रिपोर्ट के आधार पर कोटगेट पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ कॉपीराइट अधिनियम के तहत अलग-अलग मुकदमे दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
