गुरू पूर्णिमा पर गुरू वंदन के कार्यक्रम
तहलका न्यूज,बीकानेर।गुरूर्ब्रह्मïा,गुरूर्विष्णु,गुरूमदेवो महेश्वरा,गुरूर्साक्षात परब्रह्मï,तस्मै श्री गुरूवै नम:के गुरू वचनों के साथ अनेक शिष्यों ने अपने गुरूओं का वंदन कर आशीष प्राप्त की।शहर की विभिन्न आश्रमों,बगेचियों,मंदिरों विद्यालयों और महाविद्यालयों में गुरू पूर्णिमा पर्व पर शिष्यों द्वारा अपने गुरूओं का चरण वंदन कर व पोथी पूजन कर अभिनंदन किया।इस अवसर पर शिष्यों ने परंपरा के अनुसार गुरूओं का तिलक कर व भेंट स्वरूप श्रीफल देकर सम्मान किया।श्रीलालेश्वर महादेव मंदिर,श्रीधनीनाथ गिरिमठ पंचमंदिर,विवेकनाथ बगेची,लालीमाई बगेची,गायत्री भवन,शिव शक्ति साधना पीठ,सागर स्थित रामेश्वरानन्दजी के आश्रम,बजरंग व्यायामशाला,मारूति व्यायामशाला, लटियाल मंदिर सहित अनेक जगहों पर गुरू वंदन के कार्यक्रम आयोजित किये गये।अल सुबह से ही शिष्य गुरू का आशीर्वाद लेने के लिए उनके आश्रमों व बगेचियों में पहुंचने लगे।लाली माई बगेची में शिष्यों द्वारा उनके समाधि स्थल को दूध-दही,पंचामृत,घृत से अभिषेक करवाया गया।तत्पश्चात पं.जुगलकिशोर ओझा के गुरूत्व में वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ पूजा-अर्चना की गई।कार्यक्रम में बड़ी तादाद में महिलाओं,पुरूषों व बच्चों ने हिस्सा लिया। नवलेश्वर मठ सिद्घपीठ में श्रीनवलनाथजी,उत्तमनाथजी,विवेकनाथजी व शंकरनाथजी महाराज की समाधियों के पूजन षोडषोपचार विधि से आश्रम के अधिष्ठïाता योगी शिवसत्यनाथ महाराज ने किया।गुरू के प्रति कृतज्ञता प्रकट करने के लिए हजारों भक्तों ने गुरूओं की समाधि पर बिल्वपत्र,पुष्प व प्रसाद चढ़ाया।श्री धनीनाथ गिरि मठ पंचमंदिर में स्वामी विशोकानन्दजी भारती के शिष्यों द्वारा गुरू पूजन का कार्यक्रम सम्पन्न किया गया।कार्यक्रम के दौरान स्वामीजी ने शिष्यों को गुरू की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि गुरू को भगवान से ऊपर दर्जा दिया गया है।अत: गुरू का सम्मान क रना भगवान की प्राप्ति के समान है।मानव प्रबोधन प्रन्यास,श्रीलालेश्वर महादेव मंदिर द्वारा श्रीगुरूपूर्णिमा महोत्सव के अंतर्गत श्रीलालेश्वर महादेव मंदिर मेें विमर्शानंद महाराज के सान्निध्य में भजन,अभिषेक,प्रवचन आरती की गई।जिसमें महाराजश्री का गुरूवंदन अभिनंदन किया गया।

